पंजाब में नशे की समस्या को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने आम आदमी पार्टी की पंजाब सरकार पर निशाना साधते हुए राज्य में नशे के खिलाफ कार्रवाई को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कांग्रेस की ओर से सोशल मीडिया पर साझा किए गए एक वीडियो को पोस्ट करते हुए सरकार पर सवाल उठाने वालों के साथ कथित तौर पर दबाव और दुर्व्यवहार किए जाने का आरोप लगाया।
राहुल गांधी ने कहा कि पंजाब में सरकार की कार्यप्रणाली को लेकर एक चिंताजनक तस्वीर सामने आ रही है। उनका आरोप है कि जब कोई व्यक्ति सरकार की नीतियों और नाकामी पर सवाल करता है तो उसे जवाब देने के बजाय कथित तौर पर डराने या दबाव बनाने की कोशिश की जाती है।
बेटे के नशे की लत से परेशान थे गुलजार सिंह
राहुल गांधी के मुताबिक, दलित समुदाय से ताल्लुक रखने वाले गुलजार सिंह का बेटा नशे की गिरफ्त में था। उन्होंने दावा किया कि गुलजार सिंह ने पंजाब के वित्त मंत्री से राज्य में ड्रग्स के कारोबार पर प्रभावी रोक नहीं लग पाने को लेकर सवाल किया था।
राहुल गांधी का आरोप है कि इसके बाद गुलजार सिंह पर माफी मांगने का दबाव बनाया गया और उन्हें कथित तौर पर प्रताड़ित किया गया। कांग्रेस नेता के मुताबिक, इस घटनाक्रम के बाद गुलजार सिंह ने जहरीला पदार्थ खा लिया।
हालांकि, इन आरोपों और घटनाक्रम के सभी पहलुओं की स्वतंत्र पुष्टि अभी सामने नहीं आई है।
इलाज के दौरान हुई मौत का दावा
राहुल गांधी ने कहा कि जहरीला पदार्थ खाने के बाद गुलजार सिंह को इलाज के लिए अलग-अलग अस्पतालों में ले जाया गया, लेकिन कथित तौर पर समय पर उचित इलाज नहीं मिलने के कारण उनकी हालत बिगड़ती गई और अंततः उनकी मौत हो गई।
उन्होंने इस मामले में पंजाब सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग की है।
प्रदर्शन करने वाले युवक का भी किया जिक्र
राहुल गांधी ने अपने बयान में एक अन्य युवक मोहनजीत सिंह का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पिछले सप्ताह उनकी मोहनजीत सिंह से बातचीत हुई थी।
राहुल गांधी के अनुसार, मोहनजीत सिंह को मुख्यमंत्री भगवंत मान के खिलाफ प्रदर्शन करने के बाद कथित तौर पर परेशान किया गया। उन्होंने इस घटना को भी सरकार के खिलाफ आवाज उठाने वालों के साथ व्यवहार से जोड़कर सवाल उठाए।
‘सरकार का काम सवालों का जवाब देना’
कांग्रेस नेता ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में सरकार की जिम्मेदारी जनता के सवालों का जवाब देना है। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में सवाल उठाने वालों को दबाने की कोशिश नहीं होनी चाहिए।
राहुल गांधी ने मांग की कि गुलजार सिंह के परिवार को जल्द न्याय मिले। उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान से पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा के खिलाफ कार्रवाई करने और उनका इस्तीफा लेने की मांग भी की।
इसके साथ ही उन्होंने मामले की स्वतंत्र एवं निष्पक्ष जांच कराने की मांग करते हुए कहा कि जांच के दौरान जिम्मेदार लोगों की भूमिका स्पष्ट की जानी चाहिए और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो कानून के मुताबिक कार्रवाई हो।
कांग्रेस ने भी AAP सरकार पर साधा निशाना
कांग्रेस ने सोशल मीडिया पर वीडियो साझा करते हुए पंजाब में नशे की स्थिति को लेकर आम आदमी पार्टी सरकार पर तीखा हमला बोला। पार्टी का आरोप है कि गुलजार सिंह ने सरकार के मंत्री से ड्रग्स को लेकर सवाल किया था, जिसके बाद उन पर दबाव बनाया गया।
कांग्रेस ने दावा किया कि इसी दबाव के चलते गुलजार सिंह ने अपनी जान दे दी। पार्टी ने यह भी आरोप लगाया कि पंजाब में नशे का कारोबार बढ़ रहा है और इसके खिलाफ आवाज उठाने वाले लोगों को परेशान किया जा रहा है।
कांग्रेस ने अपने बयान में आम आदमी पार्टी की सरकार पर पंजाब को नशे की समस्या से बाहर निकालने में विफल रहने का आरोप लगाया और कहा कि जनता आने वाले समय में इसका जवाब देगी।
फिलहाल गुलजार सिंह की मौत से जुड़े आरोपों और उसके पीछे की परिस्थितियों को लेकर जांच तथा आधिकारिक स्तर पर सामने आने वाली जानकारी के बाद ही पूरे मामले की तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।
Zaman Times